हरिद्वार: जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्र की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य जनपद में लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना, यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करना और सड़कों को सुरक्षित बनाना रहा।सीडीओ ललित नारायण मिश्र ने दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ प्रभावी और परिणामपरक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में सुरक्षा मानकों को पुख्ता करने के लिए सड़कों का अनिवार्य रूप से ‘थर्ड पार्टी रोड सेफ्टी ऑडिट’ कराने पर विशेष जोर दिया गया, ताकि स्वतंत्र तकनीकी मूल्यांकन के जरिए कमियों को दूर किया जा सके। इसके अलावा, ब्लैक स्पॉट्स (दुर्घटना संभावित स्थलों) पर तुरंत सुरक्षात्मक उपाय करने के निर्देश दिए गए।यातायात नियमों के उल्लंघन पर शिकंजा कसने के लिए कैमरों व अन्य डिजिटल माध्यमों से निगरानी बढ़ाने और सड़कों व किनारों पर यातायात में बाधा बन रहे अतिक्रमण को हटाने के लिए संयुक्त अभियान चलाने पर बल दिया गया। साथ ही, शिक्षण संस्थानों और सार्वजनिक स्थलों पर जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को हेलमेट, सीट बेल्ट, तय गति सीमा और सुरक्षित ड्राइविंग के प्रति प्रेरित करने को कहा गया।बैठक में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रुड़की दीपक शैत, लोनिवि के अधीक्षण अभियंता डी.पी. सिंह, एआरटीओ प्रशासन हरिद्वार निखिल शर्मा, एआरटीओ प्रवर्तन सुश्री नेहा झा, एआरटीओ प्रशासन रुड़की जितेन्द्र चन्द, एआरटीओ प्रवर्तन रुड़की कृष्ण चन्द्र सहित पुलिस, एनएच, नगर निगम और अन्य विभागों के प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे।
सड़क सुरक्षा को लेकर जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित, सड़कों के थर्ड पार्टी ऑडिट और अतिक्रमण हटाने के कड़े निर्देश
